कबीरदास के सबद व्याख्या | Kabir Das ke Sabad Vyakhya
कबीरदास के सबद का सार कबीरदास ने प्रथम पद में बताया है कि परमात्मा कहीं बाहर नहीं, अपितु प्राणियों के हृदय में तथा कण-कण रमा में हुआ है। उसे मंदिर, मस्जिद, देवालय आदि में नहीं …
कबीरदास के सबद का सार कबीरदास ने प्रथम पद में बताया है कि परमात्मा कहीं बाहर नहीं, अपितु प्राणियों के हृदय में तथा कण-कण रमा में हुआ है। उसे मंदिर, मस्जिद, देवालय आदि में नहीं …
एक कुत्ता और एक मैना सारांश एक कुत्ता और एक मैना निबंध हजारीप्रसाद द्विवेदी की सुप्रसिद्ध रचना है। लेखक ने भावात्मक शैली का सफल प्रयोग करके साधारण घटनाओं को श्रेष्ठ रचना का रूप दिया है। …
कबीरदास की साखियाँ का सार कबीरदास के दोहों को ही साखी कहा जाता है। उन्होंने अपनी इन साखियों में बताया है कि ईश्वर के साक्षात्कार के बाद मन रूपी मानसरोवर प्रेम और आनंद से परिपूर्ण …
बच्चे काम पर जा रहे है अभ्यास के प्रश्न उत्तर प्रश्न 1. कविता की पहली दो पंक्तियों को पढ़ने तथा विचार करने से आपके मन-मस्तिष्क में जो चित्र उभरता है उसे लिखकर व्यक्त कीजिए। उत्तर …
वाख कविता का सार ललद्यद की काव्य-रचना ‘वाख’ में मानव जीवन की क्षणभंगुरता पर प्रकाश डाला गया है। इसमें कवयित्री ने बताया है कि मावन जीवन अनित्य है,भंगुर है। उनकी दृष्टि में मानव जीवन कच्चे …
वाख कविता अभ्यास के सभी प्रश्न उत्तर प्रश्न 1. ‘रस्सी’ यहाँ किसके लिए प्रयुक्त हुआ है और वह कैसी है ? उत्तर – रस्सी” यहाँ जीवन को चलाने के साधन व उपाय के लिए प्रयुक्त …
बच्चे काम पर जा रहे है कविता का सार बच्चे काम पर जा रहे है कविता में बच्चों के बचपन छिन जाने की पीड़ा व्यक्त हुई है। कवि ने कहा है कि प्रातःकाल में ही बच्चे …
मेरे बचपन के दिन पाठ का सार मेरे बचपन के दिन पाठ की लेखिका महादेवी वर्मा हैं। पाठ में लेखिका ने अपने बचपन के दिनों की प्रमुख घटनाओं का मनोरम चित्रण किया है। उन्होंने अपने …
प्रेमचंद के फटे जूते पाठ का सार प्रेमचंद के फटे जूते पाठ के लेखक हरिशंकर परसाई हैं। पाठ में लेखक ने एक ओर प्रेमचंद के व्यक्तित्व की सादगी और दूसरी ओर आज के समाज में …
नाना साहब की पुत्री देवी मैना को भस्म कर दिया गया पाठ का सार मातृभूमि को स्वतंत्र करवाने के लिए जिन देशभक्तों ने अपने प्राणों की आहुति दी थी, उनमें देवी मैना का नाम भी …